गुरुवार, 21 जनवरी 2016

क्या मिलेगा इस कुर्वान से ?

ईद-उल-जुहा (बकरीद) मुबारक हो।
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कुर्बानी गर देना चाहो 
देकर देखो एक बार 
काम, क्रोध, मद, मोह और हिंसा 
नहीं जरुरत पड़ेगा मौला
बकरे का फिर बार - बार।

जान हमारा लेकर तुम 
कहते देते हम कुर्वानी 
एक बार पूछो मौला से 
क्या ये है सच्ची कुर्वानी ?

बन खुदा के नेक बन्दे 
कर्म,धर्म और ईमान से 
हराम जिसे पसन्द न मौला 
क्या मिलेगा इस कुर्वान से ?

संजय झा "नागदह" 

दिनांक : 25/09/2015

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